उत्तराखण्ड STF का बड़ा एक्शन, गैंगस्टर से ड्रग माफिया तक शिकंजा, 18 इनामी अपराधी गिरफ्तार, ₹22.86 करोड़ की ड्रग्स जब्त

देहरादून।उत्तराखण्ड में संगठित अपराध, नशीले पदार्थों की तस्करी और साइबर अपराध के विरुद्ध वर्ष 2025 में स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने ऐतिहासिक और सख्त कार्रवाई की है। पुलिस मुख्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान पुलिस महानिरीक्षक STF नीलेश आनन्द भरणे ने बताया कि 01 जनवरी 2025 से 31 दिसंबर 2025 तक STF ने अपराधियों के खिलाफ लगातार प्रभावी अभियान चलाए।
इस दौरान STF ने 18 इनामी और लंबे समय से फरार अपराधियों को देश के विभिन्न राज्यों से गिरफ्तार किया। इनमें चमोली जनपद के हत्या प्रकरण में 25 वर्षों से फरार ₹2 लाख के इनामी अभियुक्त सुरेश शर्मा की गिरफ्तारी को बड़ी सफलता बताया गया। इसके अतिरिक्त विभिन्न मामलों में वांछित 26 अन्य अभियुक्तों को भी गिरफ्तार किया गया।
गैंगस्टर और अवैध हथियार नेटवर्क पर वार STF ने शस्त्र अधिनियम के अंतर्गत 20 पिस्टल, 02 तमंचे, 24 मैगजीन और 63 जिंदा कारतूस बरामद कर 09 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया। कुख्यात विनीत शर्मा उर्फ चीनू पंडित गैंग के दो शूटरों को भी हथियारों के साथ दबोचा गया। वहीं रुड़की क्षेत्र में जमीनों की अवैध खरीद-फरोख्त से जुड़े बाल्मीकी गैंग के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए गैंग के सक्रिय सदस्यों समेत कुल 06 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया।
नकली दवाइयों का बड़ा भंडाफोड़
नकली दवाइयों के अवैध कारोबार में लिप्त 12 अपराधियों को गिरफ्तार कर 06 अवैध फैक्ट्रियों को सीज किया गया। भारी मात्रा में दवाइयों का कच्चा माल, गोलियां और पाउडर बरामद किए गए। साईं फार्मा के बैंक खाते में लगभग ₹14 करोड़ के संदिग्ध लेन-देन की जांच कर अग्रिम कार्रवाई की जा रही है।
वन्यजीव तस्करी और अन्य अपराध
STF ने वन्यजीव अपराधों में भालू की पित्त, नाखून और हाथी दांत के साथ 06 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया। इसके अलावा आर्मी वर्दी के दुरुपयोग, तनिष्क शोरूम लूटकांड, परीक्षा पास कराने के फर्जीवाड़े, नकली सिगरेट, अवैध जुआ-कसीनो और अंतरराष्ट्रीय हथियार तस्करी से जुड़े मामलों में भी अहम गिरफ्तारियां की गईं।
पटेलनगर क्षेत्र से 05 बांग्लादेशी नागरिकों को उद्वासित किया गया।
साइबर अपराध और नारकोटिक्स नेटवर्क पर सख्ती
साइबर अपराध के मामलों में 09 साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया गया। ANTF के माध्यम से NDPS एक्ट के अंतर्गत 34 मामलों में 54 ड्रग तस्करों को गिरफ्तार कर ₹22 करोड़ 86 लाख से अधिक मूल्य की चरस, अफीम, हेरोइन, गांजा और एमडीएमए बरामद की गई। PIT NDPS के अंतर्गत 28 प्रस्ताव शासन को भेजे गए हैं।
जीरो टॉलरेंस नीति जारी रहेगी डीजीपी
पुलिस महानिदेशक उत्तराखण्ड दीपम सेठ ने STF की उपलब्धियों की सराहना करते हुए कहा कि वर्ष 2025 में की गई यह सख्त कार्रवाई राज्य पुलिस की पेशेवर दक्षता और मजबूत अंतर-राज्यीय समन्वय का परिणाम है। उन्होंने स्पष्ट किया कि संगठित अपराध और नशे के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति आगे भी पूरी सख्ती से जारी रहेगी।
