पुलिस ने किया फर्जी निवेश कंपनी का भंडाफोड़, 2.5 करोड़ की ठगी का आरोपी गिरफ्तार

देहरादून। “ऑपरेशन प्रहार” के तहत टिहरी पुलिस ने बड़ी कार्रवाई कर मुनिकीरेती से फर्जी निवेश से ढाई करोड़ हड़पने वाले शातिर दबोचा अभियुक्त को दबोचा है। एसएसपी श्वेता चौबे के नेतृत्व में चलाए जा रहे “ऑपरेशन प्रहार” अभियान के तहत टिहरी पुलिस कोयह बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने फर्जी कंपनी बनाकर लोगों से करोड़ों रुपये की ठगी करने वाले एक वांछित आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी पर करीब 2.5 करोड़ रुपये की धनराशि हड़पने का आरोप है।
पुलिस के अनुसार कोतवाली चम्बा में दर्ज मुकदमा संख्या 30/2025 में कार्रवाई करते हुए जांच के दौरान सामने आया कि “बोरा विकास निधि लिमिटेड कंपनी” नामक संस्था को ऋषिकेश में पंजीकृत कराया गया था। बाद में नरेश रावत और सूरज मणि सेमवाल को कंपनी का निदेशक बनाया गया। आरोप है कि बिना किसी वैधानिक अनुमति के चम्बा क्षेत्र में कंपनी की अवैध शाखा संचालित कर स्थानीय लोगों से निवेश के नाम पर लगभग ढाई करोड़ रुपये जमा कराए गए और बाद में धनराशि का गबन कर लिया गया। जांच में शाखा पूरी तरह अवैध पाई गई, जिसके बाद एसएसपी श्वेता चौबे ने आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष पुलिस टीम गठित की। अपर पुलिस अधीक्षक टिहरी और क्षेत्राधिकारी चम्बा के निर्देशन में पुलिस टीम लगातार आरोपियों की तलाश में जुटी हुई थी।
इसी क्रम में पुलिस ने गुरुवार को वांछित आरोपी सूरज मणि सेमवाल को मुनिकीरेती क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया। आरोपी ढालवाला क्षेत्र का निवासी बताया गया है। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश करने की कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी के खिलाफ जनपद पौड़ी गढ़वाल के कोटद्वार थाने में भी इसी प्रकार का मुकदमा दर्ज है। आरोपी पर BUDS एक्ट समेत कई गंभीर धाराओं में केस दर्ज हैं।
इस कार्रवाई में उपनिरीक्षक मनोज ममगाईं, अपर उपनिरीक्षक धीरेन्द्र नेगी और कांस्टेबल अंकुर शामिल रहे। टिहरी पुलिस ने कहा है कि अपराधियों और धोखाधड़ी करने वालों के खिलाफ अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।
