चारधाम और प्रमुख पर्यटन स्थलों की सुरक्षा होगी हाईटेक, एआई आधारित फेसियल रिकग्निशन सिस्टम लगाएगी सरकार

देहरादून। राज्य में चारधाम यात्रा और प्रमुख पर्यटन स्थलों पर हर वर्ष बढ़ती श्रद्धालुओं और पर्यटकों की संख्या को देखते हुए सरकार सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठा रही है। मुख्यमंत्री ने श्रद्धालुओं एवं पर्यटकों की बेहतर सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए एआई (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) आधारित निगरानी प्रणाली स्थापित किए जाने को मंजूरी प्रदान की है।
मुख्यमंत्री द्वारा राज्य के चारधाम और प्रमुख पर्यटन स्थलों पर संदिग्ध व्यक्तियों और गतिविधियों पर प्रभावी निगरानी रखने के उद्देश्य से एआई बेस्ड फेसियल रिकग्निशन सिस्टम और डेटा एनालिटिक्स सॉफ्टवेयर सिस्टम स्थापित करने के प्रस्ताव को स्वीकृति दी गई है। इसके लिए सरकार ने ₹4.45 करोड़ की धनराशि मंजूर की है। यह अत्याधुनिक प्रणाली राज्य के पांच जनपदों में स्थापित की जाएगी।
सरकार का मानना है कि चारधाम यात्रा के दौरान लाखों की संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक राज्य में पहुंचते हैं, ऐसे में उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना सर्वोच्च प्राथमिकता है। एआई आधारित यह प्रणाली संदिग्ध व्यक्तियों की पहचान करने, भीड़ प्रबंधन में सहायता देने और संभावित सुरक्षा खतरों का समय रहते पता लगाने में मददगार साबित होगी।
इस प्रणाली के माध्यम से विभिन्न स्थानों पर लगाए गए कैमरों से प्राप्त डाटा का विश्लेषण कर संदिग्ध गतिविधियों की पहचान की जा सकेगी। फेसियल रिकग्निशन तकनीक के जरिए किसी भी संदिग्ध व्यक्ति की पहचान कर सुरक्षा एजेंसियों को तुरंत अलर्ट किया जा सकेगा, जिससे समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सकेगी। सरकार के इस निर्णय से चारधाम यात्रा मार्गों और प्रमुख पर्यटन स्थलों की सुरक्षा व्यवस्था अधिक सुदृढ़ होगी। साथ ही श्रद्धालुओं और पर्यटकों को सुरक्षित और बेहतर वातावरण उपलब्ध कराने में भी मदद मिलेगी।
