चार धाम यात्रा व्यवस्थाओं को लेकर उत्तरकाशी में मंथन, सीमित संख्या की बाध्यता हटाने की उठी मांग

देहरादून। आगामी चारधाम यात्रा की तैयारियों और व्यवस्थाओं को लेकर मंगलवार को श्री पांच गंगोत्री मंदिर समिति कार्यालय में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में होटल एसोसिएशन, व्यापार मंडल, टैक्सी यूनियन, बस यूनियन, संयुक्त संरक्षण समिति सहित क्षेत्र के समस्त पर्यटन व्यवसायियों ने भाग लिया।

बैठक में सर्वसम्मति से चारधाम यात्रा में लागू सीमित संख्या को पूर्णतः समाप्त करने की मांग उठाई गई। उपस्थित पदाधिकारियों का कहा कि इस व्यवस्था से स्थानीय पर्यटन व्यवसाय पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है और श्रद्धालुओं को भी अनावश्यक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
इसके अलावा बैठक में गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग की बदहाल स्थिति को लेकर भी गंभीर चिंता जताई गई। मार्ग के शीघ्र मरम्मत और सुधार कार्य के लिए सीमा सड़क संगठन के खिलाफ आवाज उठाते हुए जिम्मेदार एजेंसी से त्वरित कार्रवाई की मांग की गई।
यात्रा व्यवस्थाओं में सुधार हेतु अन्य प्रमुख मांगों में यात्रा मार्गों पर विभिन्न पुलिस बैरियरों को हटाने या कम करने की मांग, ताकि श्रद्धालुओं को अनावश्यक रोक-टोक का सामना न करना पड़े। गंगोत्री से गोमुख ट्रैक पर प्रतिदिन यात्रियों की संख्या 150 से बढ़ाकर 500 करने की मांग। साथ ही स्थानीय टैक्सी संचालकों को हिना बैरियर सहित अन्य स्थानों पर न रोके जाने की व्यवस्था तथा व्यावसायिक गैस सिलेंडरों की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने की मांग।बैठक में निर्णय लिया गया कि इन सभी मांगों को लेकर आगामी 2 अप्रैल को जिलाधिकारी से वार्ता की जाएगी, जिसके बाद आगे की रणनीति तय की जाएगी।
इस अवसर पर मंदिर समिति सचिव सुरेश सेमवाल, होटल एसोसिएशन अध्यक्ष शैलेंद्र मटूडा, सचिव सुभाष कुमाई, व्यापार मंडल अध्यक्ष रमेश चौहान, संयुक्त संरक्षण समिति अध्यक्ष अशोक सेमवाल, बस यूनियन के गजेंद्र रावत, अजय पुरी, खुशाल नेगी, अनिल नौटियाल, रमेश सेमवाल, कृपाराम सेमवाल, सुरेश राणा, सत्येंद्र सेमवाल, सत्य प्रसाद सेमल, आनीष नेगी, चंद्रवीर रावत और दीपेंद्र पवार सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।
