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हवालात में मौत: रायपुर थाने में पीआरडी कर्मी की जान गई, थानेदार समेत 4 पुलिसकर्मी लाइन हाजिर

देहरादून। रायपुर थाना क्षेत्र से एक बेहद गंभीर और सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां पुलिस हिरासत में बंद एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। पुलिस इसे आत्महत्या बता रही है, जबकि परिजनों ने इसे साजिश करार देते हुए गंभीर सवाल खड़े किए हैं।

मृतक की पहचान सुनील रतूड़ी (45 वर्ष) के रूप में हुई है, जो प्रांतीय रक्षक दल (पीआरडी) के युवा कल्याण विभाग में तैनात कर्मचारी था। जानकारी के मुताबिक, पुलिस को क्षेत्र में झगड़े और उपद्रव की सूचना मिली थी, जिसके बाद मौके पर पहुंची टीम ने उसे हिरासत में लिया। आरोप है कि वह नशे की हालत में था और पास के पेट्रोल पंप पर कर्मचारियों से अभद्रता कर रहा था।
प्रारंभिक कार्रवाई के तहत उसे ड्रिंक एंड ड्राइव व झगड़े के आरोप में गिरफ्तार कर हवालात में बंद कर दिया गया। इसी दौरान कुछ समय बाद युवक द्वारा हवालात के भीतर आत्मघाती कदम उठाने की बात सामने आई है। बताया जा रहा है कि उसने हवालात में मौजूद कंबल को फाड़कर फंदा बना लिया। घटना का पता चलते ही थाने में अफरा-तफरी मच गई और आनन-फानन में उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
घटना की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी प्रमेंद्र सिंह ने तत्काल सख्त कदम उठाते हुए थानाध्यक्ष समेत चार पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर कर दिया है, ताकि जांच प्रभावित न हो। साथ ही पूरे मामले की न्यायिक/मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दिए गए हैं।
इधर, थाने पहुंचे मृतक के परिजनों ने पुलिस की कहानी पर सवाल उठाते हुए गंभीर आरोप लगाए हैं। मृतक की पत्नी और साली का कहना है कि यह आत्महत्या नहीं, बल्कि साजिश का परिणाम है। उनका आरोप है कि मृतक के गले पर कोई स्पष्ट निशान नहीं थे, ऐसे में फंदे की बात संदिग्ध लगती है। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि पुलिस द्वारा घटना के बाद काफी देर तक उन्हें गुमराह किया गया।

यह मामला अब कई अहम सवाल खड़े कर रहा है

क्या हवालात में सुरक्षा व्यवस्था में चूक हुई?, क्या पुलिस की निगरानी में लापरवाही बरती गई?, या फिर मामला कुछ और है? फिलहाल पुलिस हर एंगल से जांच में जुटी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और मजिस्ट्रेट जांच के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों से पर्दा उठ सकेगा। यह घटना न सिर्फ पुलिस व्यवस्था पर सवालिया निशान लगाती है, बल्कि हिरासत में बंद व्यक्तियों की सुरक्षा को लेकर भी गंभीर चिंता पैदा करती है।

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